Wednesday, September 6, 2023

रुनझुन बाजे घुँगरा,

 रुनझुन बाजे घुँगरा, 

घोड़लिया रा बाजे पोड जी

लीले री असवारी आवे, 
आवे रामापीर जी...

केसरिया ज्या मोह बन्यो, 
ज्यारे दूर्रे तार हज़ार जी
अरे पीछम धरा रो बादशाह, 
म्हारो रामो राज कवार जी

लिलो घोड़ो नवलखो,
 ज्यारे मोत्या जड़ी लगाम जी
घोड़लिया पे चढ़िया रामदेव, 
बाबो रुनिचारो शाम जी

हरजी भाटी री विनती , 
बाबा थासु लागी प्रीत जी